
धामी कैबिनेट विस्तार दो दर्जन दायित्व बांटने की सुगबुगाहट तेज,निकला शुभ मुहूर्त


क्या इस बार हो सकता है
कैबिनेट विस्तार इसी नवरात्र मेंधामी मंत्रिमंडल में पांच पद हैं खाली, दो दर्जन दायित्व भी बंटेंगे
गुटबाजी को साधने के लिए मंत्री मंडल विस्तार, दायित्वधारियों का बंटवारा
देहरादून। धामी मंत्रिमंडल केविस्तार का शुभ मुहूर्त निकल गया है, इसी नवरात्र में कैबिनेट विस्तार हो जाएगा। वर्तमान में कैबिनेट में पांच मंत्रियों के पद खाली हैं। इनपर ताजपोशी के लिए विधायकों के पीछले चार सालों के कामकाज का रिकॉर्ड देखा जाएगा। इनके अलावा दो दर्जन दायित्वधारी भी बनाए जाएंगे।
विश्वसनीय सूत्रों के मुताबिक 2027 के चुनाव में हैट्रिक लगाने के लिए इसी नवरात्र में धामी कैबिनेट का विस्तार हो जाएगा। सरकार व संगठन में लंबे समय से कैबिनेट विस्तार की चर्चाएं चल रही हैं। कई विधायक भी मंत्री की कुर्सी मिलने की आस लगाए बैठे हैं। राष्ट्रीय नेतृत्व के साथ
कर्मठ कार्यकर्ताओं को दायित्वधारी की जिम्मेदारी
कैबिनेट विस्तार पर कई दौर की चर्चा हो चुकी है। सरकार व संगठन के बीच कैबिनेट विस्तार के लिए होमवर्क पूरा होने के बाद नवरात्रों के शुभ मुहूर्त पर इसका एलान हो सकता है।
सूत्रों के मुताबिक कैबिनेट विस्तार में क्षेत्रीय व जातीय समीकरण के बीच संतुलन बनाया जाएगा। इससे भाजपा को आगामी चुनाव में हैट्रिक लगाने की रणनीति को बल मिलेगा। धामी सरकार में मंत्रियों के तीन पद तो
धामी सरकार ने निगमों, बोर्ड व आयोगों में पार्टी पदाधिकारियों को दायित्त्वधारी बनाया है। अभी दायित्वधारियों के कई पद खाली हैं। सूत्रों के अनुसार इसी नवरात्र में दो दर्जन और पदों पर दायित्वधारी बनाए जा सकते हैं।
पहले से खाली थे। एक पद मंत्री चंदन रामदास के निधन और दूसरा पद प्रेमचंद अग्रवाल के इस्तीफे के बाद खाली हो गया था। वर्तमान में मंत्रिमंडल में कुल पांच पद खाली हैं। मुख्यमंत्री धामी व भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट भी कई बार कैबिनेट विस्तार के संकेत दे चुके हैं। अब चुनाव के लिए कम समय होने से सरकार व संगठन कैबिनेट विस्तार का इंतजार खत्म करने जा रहा है।